हम गय थे उनस मिलने बड़ी उम्मीदो के साथ मानो कुदरत ने भी कोई ख्वाब सजा रक्खा था हमन तो बढ़ाया था उनकी तरफ मोहब्बत का फूल मगर उन्होंन पीठ पीछ खंजर छुपा रक्खा थ

हम गय थे उनस मिलने बड़ी उम्मीदो के साथ मानो कुदरत ने भी कोई ख्वाब सजा रक्खा था

हमन तो बढ़ाया था उनकी तरफ मोहब्बत का फूल मगर उन्होंन पीठ पीछ खंजर छुपा रक्खा थ

Posted Feb 22, 2026, 5:04 PM UTC

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